चेहरे की कोमल त्वचा को बनाएं आकर्षक-कांतिवान

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चांद जैसे मुखड़े पर सुंदरता में छोटी सी भी कमी आकर्षक व्यक्तित्व के बावजूद मन में हीन भावना पैदा कर सकती है। डॉक्टर रजनी पोरवाल देश की जानी मानी चिकित्सक है, उन्होंने श्रीनाथ आयुर्वेद चिकित्सालय भगवत दास घाट कानपुर में अपनी निस्वार्थ सेवाओं द्वारा निराश और हताश सौंदर्य पीड़िताओं को प्राकृतिक रूप से परियों जैसा सुंदर आकर्षक और खूबसूरत बनाने का सहज और कारगर उपाय सुझाया है।

चमकता चेहरा कैसे पाएं : चूनी भूसी की दुकान से चने के छिलके यानी चने की भूसी खरीद लें और धोकर साफ करके छांव में सुखाकर उसका पाउडर बनाकर रख ले। मीठी नीम की पत्तियों को पीसकर एक कटोरी पेस्ट बनाएं। अब इसमें चार चम्मच लगभग 30 से 40 ग्राम चने के छिलकों का पाउडर मिला लें और इस पेस्ट को कम से कम 1 घंटे के लिए ढक कर रख दे। ज्यादा देर या पूरी रात भिगोकर रखने से भी कोई हर्ज नहीं है। इस लेप को लगाने से पूर्व इसमें एक नींबू निचोड़ दें और बेस्ट को अच्छी तरह मिला लें। नहाने से लगभग एक घंटा पहले इस पेस्ट को पूरे चेहरे माथे गालों कान के पीछे नाक के उपर गर्दन गले और अंडर आर्म्स में मोटा मोटा लेप लगाइए, सूखने पर हर बार इसमें नींबू पानी या सामान्य ठंडे पानी से गीला कर लीजिए।

लगभग एक घंटा या कम से कमआधा घंटे लेप लगाने के बाद 10 मिनट तक उंगलियों से कोमल कोमल मालिश करें और फिर सामान्य पानी से स्नान कर लीजिए। इस प्रयोग के समय साबुन का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। अन्य सौंदर्य प्रसाधन, सामग्री का प्रयोग ना करें या कम से कम करें क्योंकि सौंदर्य सामग्री में विभिन्न प्रकार के सिंथेटिक केमिकल्स परफ्यूम और अन्य ऐसे पदार्थ होते हैं। जिनका बुरा असर चेहरे की कोमल कोशिकाओं पर होता है। इस प्रयोग को सायंकाल में भी किया जा सकता है या सुबह शाम दोनों समय भी किया जा सकता है। रात्रि में इस लेप को लगाने के बाद नहाने की अनिवार्यता नहीं है।

इस लेप को लगाने से चेहरे के दाग धब्बे रूखापन और चेहरे पर उग आए कोमल कोमल बाल रोये पूरी जड़ से निकल जाते हैं और चेहरा की त्वचा सुंदरता की प्रतिमूर्ति बन जाती है। यह प्रयोग नेचुरल है और स्थाई लाभकारी है, कभी निष्फल नहीं होता। इस प्रयोग को करते समय प्रातः नाश्ते में एक गिलास गाजर का रस पीना चाहिए। दोपहर भोजन के बाद एक गिलास टमाटर का रस या एक पाव टमाटर सलाद के रूप में जरूर खाना चाहिए और रात्रि में भोजन के बाद एक गिलास पालक का सूप या पालक का रस का सेवन करने से यह प्रयोग बहुत अधिक लाभदाई हो जाता है। यह भी ध्यान रखें इस प्रयोग को करते समय जंक फूड और फास्ट फूड का सेवन बिल्कुल ना करें। हरी सब्जियां सलाद फुल मेवे भरपूर मात्रा में खा सकते हैं।

चेहरे की कोमल त्वचा को आकर्षक कांतिवान और सुंदरता के शत्रु जैसे कील मुंहासे दाग धब्बे गालों की कोमल त्वचा पर अवांछित रोये व बालों से छुटकारा पाने के लिए कम से कम 8 सप्ताह से 16 सप्ताह तक यह प्रयोग आजमाएं। इसके बाद इसे आवश्यकतानुसार आगे भी करते रहें यह सप्ताह में दो बार करते रहने से हर मौसम में त्वचा वेदाग और सुंदर रहेगी।

सांवली सूरत से रंग गोरा बनाएं : सलोनी सूरत को गोरा और सुंदर बनाने के लिए गुलाब के फूल की पंखुड़ियों, गेंदे की फूल और चमेली के फूल तीनों फूलों को सुखा कर अलग-अलग एयरटाइट डिब्बे में रख लीजिए । तीनों फूलों के पाउडर को एक साथ मिलाकर नहीं रखना चाहिए। रात्रि में तीनों डिब्बों से दो दो चम्मच पाउडर लेकर इसे 100 ग्राम दूध में भिगो दें और केसर के कुछ रेशे डाल दें। लगभग एक से डेढ़ घंटे दूध में भिगोने के बाद में यह सौंदर्य का जादुई लाभ देने वाला पेस्ट तैयार हो जाता है। इसे प्रातः सोकर उठने के बाद शौच आदि नित्य कर्म से निवृत्त होकर पूरे चेहरे होठों और आंख के नीचे काले सर्कल्स पर अच्छी तरह लगाएं इसे सनबर्न यानी खुले रहने वाले शरीर के अंगों गर्दन गले और हाथों पर भी लगाया जा सकता है। लगभग 15:20 मिनट बाद यह लेप सूखने लगता है तो इसे दूध या गुलाब जल से दोबारा भिगो देना चाहिए। लगभग 45 मिनट से 1 घंटे तक यह लेप लगा रहने दें।

सूखने पर हर बार गीला करते रहे, इसके बाद हाथों उंगलियों से कोमल कोमल अंगों की मालिश 4 से 10 मिनट तक करें। उसके बाद सामान्य पानी से स्नान करना चाहिए। नहाने के बाद पूरे शरीर पर देसी घी यह नारियल का तेल हल्का-हल्का जरूर लगाना चाहिए। पहले दिन से ही आपकी त्वचा मैं प्राकृतिक निखार आने लगेगा। खूबसूरती बढ़ेगी और एक सप्ताह के बाद तो बिना किसी सौंदर्य प्रसाधन प्रशासन के आपका चेहरा सैकड़ों लोगों के बीच में अपनी कांति और खूबसूरती के कारण आकर्षण का केंद्र बन जाएगा। यह प्रयोग नियमित रूप से 3 महीने कर लेने के बाद सप्ताह में दो बार नियमित रूप से करते रहें। यह लेप होठों पर लगाने से होठों की चिकनाहट लालामी सुंदरता और लावण्य देखते ही बनता है। चेहरे के दाग धब्बे डार्क सर्कल और झाइयां तो 3 महीने में पूरी तरह स्थाई रूप से ठीक हो जाती है।

इस प्रयोग को करते समय अपने भोजन में भी ध्यान देने की जरूरत होती है भरपूर मात्रा में फल दूध दही ड्राई फ्रूट्स का सेवन करें लेकिन चाट पकोड़े अमचूर गरम मसाला रिफाइंड आयल,तला हुआ प्याज लहसुन टमाटर बिल्कुल ना खाएं। जंक फूड और फास्ट फूड से दूरी बनाकर रखने पर यह प्रयोग दुगना लाभ देता है।